Home   Ahimsa News

 

 

 
   अंहिसक समाज के समक्ष एक चुनौती-
   देश से मांस निर्यात तीन बर्ष में तीन गुणा बढा

  दसवी पंचवर्षीय योजना में योजना आयोग के सदस्य के रुप में हमने अकेले ने लिखित प्रतिवाद किया था और फलस्वरुप उसी को आधार बनाकर बाद में सरकार को मांस व्यापार वृद्धि की सम्पूर्ण योजना को रद्द करना पडा था | सुखद है कि इसी के चलते पूरे पांच वर्ष तक देश से मांस निर्यात का व्यापार करीब- करीब यथावत स्थिति में रुका रहा | परन्तु दुर्भाग्य से ग्यारहवी पंचवर्बीय योजना में जनता के समुचित सहयोग के अभाव में हम कोई भूमिका नही निभा पाये और अब उसके चौकाने वाले परिणाम सामने आये है |  

 
 डाँ. चीरंजीलाल बगडा

  नवीनतम प्राप्त आकडो के अनुसार ग्यारहवी पंचवर्बीय योजना के प्रथम तीन बर्ष में ही देश से मांस निर्यात 1775 करोड रुपयों से बढकर बर्ष 2008-09 में 5112 करोड रुपयों का होगया है | योजना आयोग ने इसे और तेज गति देने के लिए अभी एक मिड रिव्यू कमेटी का भी गठन किया है | सरकार द्वारा पूर्व में फिश बोर्ड का गठन हुआ और हाल ही में नेशनल मीट एण्ड पोल्ट्री बोर्ड का गठन भी हो चुका है | स्थिति विस्फोटक है | पिछले दिनो हमने एक सप्ताह दिल्ली प्रवास कर स्थिति की समीक्षा कर तथा प्रतिवाद करने की तैयारी में जुटे हुए है | अभी भी अंहिसक समाज एकजुट होकर तथा योजनावद्ध रुप से यदि पूरी सतर्कता के साथ सक्रिय होती है तो कुछ प्रभावी कार्य हो सकता है, एसा हमारा विश्वास है| समाज को इस दिशा में शीघ्र सक्रिय होने हेतु विनम्र निवेदन है |

            - डाँ. चीरंजीलाल बगडा (राष्ट्रीय महामंत्री) मो. 93310 30556
              इन्डियन फेडरेशन आफ अहिंसा आर्गेनाईजेशन्स
              46, स्ट्राण्ड रोड, तीन तल्ला, कोलकाता - 700 007

     

   
 
                                                                                                                                                                 

                             Site copyright ã 2008, ahimsafederation.com All Rights Reserved.                  

                                   Best viewed at 800 x 600 screen size        Powered by gits4u.com